4 दिसम्बर को पातालपानी में टंट्या भील को अर्पित किए जाएंगे श्रद्धासुमन, निकलेंगी कलश यात्राएं

  
Last Updated:  Wednesday, November 24, 2021  "03:10 pm"

इंदौर : मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि 04 दिसंबर को अमर क्रांतिकारी टंट्या भील को श्रद्धा-सुमन अर्पित करने के उद्देश्य से पातालपानी में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। टंट्या मामा ने शोषण के विरुद्ध लड़ाई लड़ी और भारत माता को परतंत्रता की बेड़ियों से मुक्त करने के लिए स्वयं को बलिदान कर दिया। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि टंट्या भील की स्मृति को अक्षुण्य रखने के लिए पातालपानी रेलवे स्टेशन का नाम अमर क्रांतिकारी टंट्या भील स्टेशन किया जाएगा। इस आशय का प्रस्ताव केन्द्र शासन को भेजा जा रहा है। मुख्यमंत्री चौहान ने भोपाल स्थित मंत्रालय में मंत्री परिषद की बैठक के पूर्व, संबोधन में यह बात कही।

टंट्या भील के जन्म स्थान से निकलेगी कलश यात्रा।

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि वीर टंट्या भील को जबलपुर जेल में फांसी दी गई थी। उनका अंतिम संस्कार महू के पास पातालपानी में हुआ था। वे हमारे पूज्यनीय हैं। राज्य सरकार ने तय किया है कि पूरे सम्मान के साथ उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए जाएंगे। टंट्या मामा का जन्म खण्डवा जिले में पंधाना के पास बड़ोदा अहीर नामक गांव में हुआ था। बड़ोदा अहीर की मिट्टी कलश में लेकर यात्रा आरंभ होगी। इसी प्रकार एक यात्रा सैलाना से आरंभ होगी। यह यात्राएं 03 दिसम्बर को धार में आकर मिलेंगी और 04 दिसम्बर को पातालपानी पहुंचेंगी। यह यात्राएं खण्डवा, बुरहानपुर, खरगौन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, देवास, उज्जैन, रतलाम व इंदौर जिले से होते हुए कार्यक्रम स्थल पहुंचेंगी। अत: इन जिलों के प्रभारी मंत्री, जिलों के कलेक्टर और विभिन्न संगठनों से समन्वय कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि “शहीदों की चिताओं पर लगेंगे हर बरस मेले-वतन पर मिटने वालों का यही बाकी निशां होगा” यह पंक्ति कार्यक्रम के लिए प्रेरणास्त्रोत है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आजादी-75 के अंतर्गत सभी शहीदों और अमर क्रांतिकारियों को याद करने और उन्हें श्रद्धा-सुमन अर्पित करने के भाव के अनुरूप कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।

25 दिसम्बर से 26 जनवरी तक चलेगा विशेष अभियान।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 25 दिसंबर अटल बिहारी वाजपेई का जन्म दिवस है। इसे सुशासन दिवस के रूप में भी मनाया जाता है। 25 दिसंबर से 26 जनवरी तक प्रदेश में विशेष अभियान संचालित किया जाएगा। जनसामान्य के कल्याण के लिए चलाई जा रही योजनाओं के अंतर्गत उन्हें मिल रहे हितलाभ और सुविधाएं प्रत्येक व्यक्ति को सरलता से मिलें, इसमें कोई परेशानी ना आए, यह सुनिश्चित करना अभियान का उद्देश्य होगा। जो हितलाभ व सुविधाएं जिस विभाग की हों, वे विभाग समीक्षा कर लें। हितग्राहियों तक सुविधाएं सरलता से पहुंचाने में यदि किसी प्रकार के सुधार की आवश्यकता हो तो ऐसे सुधारों का क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि सभी प्रभारी मंत्री अपने-अपने जिलों में चल रहे अधोसंरचना के बड़े कामों की 25 दिसंबर से पहले एक बार समीक्षा आवश्यक रूप से कर लें।

कोरोना का टीका अवश्य लगवाएं।

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि 24 नवम्बर को पुन: टीकाकरण महाअभियान है। कोरोना से संबंधित सभी प्रतिबंध राज्य सरकार द्वारा समाप्त कर दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि एक दिन पहले हुए कोरोना टेस्ट में प्रदेश में 12 केस पॉजिटिव आए हैं। बारह केस अधिक नहीं है, पर यह संख्या इकाई से दहाई में आई है। कुल 12 लोग ठीक भी हुए हैं। प्रदेश में लगभग 90 एक्टिव केस हैं। अत: टीकाकरण आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेशवासियों का यह कर्तव्य है कि वे कोरोना का टीका अवश्य लगवाएं। सरकारी कर्मचारियों के साथ-साथ कॉलेज, स्कूल, हॉस्टल में टीकाकरण अनिवार्य कर दिया गया है।उन्होंने कहा कि जिलों के प्रभारी मंत्री दिसम्बर अंत तक अपने-अपने जिले में शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने के लिए वातावरण निर्माण और सघन प्रयास सुनिश्चित करें।

स्वच्छता में पंच लगाने पर इंदौर वासियों को दी बधाई।

मुख्यमंत्री ने स्वच्छता में इंदौर के लगातार 5वीं बार प्रथम आने पर बधाई दी। इंदौर की जनता, सभी जनप्रतिनिधि, सांसद,विधायक व प्रशासनिक अमला बधाई का पात्र है। इंदौर ने जनभागीदारी के आधार पर स्वच्छता का अद्भुत मॉडल विकसित किया है। यह अनुकरणीय है। प्रदेश ने समग्र रूप से स्वच्छता के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन किया। देश में हमारा प्रदेश तीसरे नंबर पर है। सीएम ने स्वच्छता के क्षेत्र में उपलब्धि प्राप्त करने वाले प्रदेश के सभी निकायों को बधाई दी। मुख्यमंत्री चौहान कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रेरणा से स्वच्छता के लिए हमारे प्रयास लगातार जारी रहेंगे। अगले साल के लिए जनवरी से प्रक्रिया आरंभ होगी। अत: जो निकाय पीछे रह गए हैं, उन्हें स्वच्छता के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से अभी से विशेष प्रयास करने की आवश्यकता है। राज्य सरकार इस दिशा में निरंतर सक्रिय रहेगी।

खाद की उपलब्धता और धान की खरीद पर रखें नजर।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी प्रभारी मंत्री अपने-अपने प्रभार के जिलों में खाद की आपूर्ति की समीक्षा कर बोवनी के दौरान खाद की उपलब्धता और धान उत्पादक जिलों में धान खरीदी की स्थिति पर नजर रखें।

मुख्यमंत्री चौहान का गृह, जेल, ससंदीय कार्य, विधि और विधायी कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने इंदौर और भोपाल में पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू करने के लिए आभार माना। गृह मंत्री डॉ. मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री चौहान के नेतृत्व में प्रदेश की कानून व्यवस्था की स्थिति में निरंतर सुधार हुआ है। ग्वालियर-चम्बल व विंध्य क्षेत्र में अब एक भी दस्यु गिरोह सक्रिय नहीं है। बालाघाट क्षेत्र में नक्सली गतिविधियां शून्य हुई हैं। भोपाल और मालवा अंचल में सिमी का नेटवर्क ध्वस्त किया गया है। पुलिस के आत्मविश्वास-मनोबल को बढ़ाने और अपराधों पर बेहतर नियंत्रण में पुलिस कमिश्नर प्रणाली प्रभावी रहेगी।

मुख्यमंत्री चौहान के नेतृत्व में इंदौर के स्वच्छता में लगातार पांचवीं बार प्रथम आने पर जल संसाधन, मछुआ कल्याण एवं मत्स्य विकास मंत्री तुलसी सिलावट ने इंदौरवासियों की ओर से बधाई दी और मुख्यमंत्री का आभार माना।

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