संस्कृति की अभिव्यक्ति का माध्यम है मातृभाषा
भाषा और संस्कृति हमें आपस में जोड़ती है। भारतीय भाषा पर्व कार्यक्रम में बोले अतिथि वक्ता। इंदौर : “भाषा अनेक हैं पर भाव एक है, प्रदेश अनेक हैं पर देश एक है, संस्कृति अनेक हैं पर संस्कार एक है, परिधान एक है।” संस्कृति देश को जोड़ती है। यह हमारे समाज की एकता और अखंडता का प्रतीक है। ये विचार भारतीय भाषा पर्व में मुख्य वक्ता विद्या भारती के मालवा प्रांत के संगठन मंत्री योगेश शर्मा ने व्यक्त किए। माई मंगेशकर और पढ़े






