रेवती रेंज क्षेत्र में 24 घंटे में 12 लाख 68 हजार पौधे रोपकर बनाया विश्व कीर्तिमान।
गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ने दर्ज किया यह वैश्विक कीर्तिमान।
मप्र शासन के नाम मुख्यमंत्री यादव और नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय को सौंपा विश्व कीर्तिमान का प्रमाण पत्र।
इंदौर : इंदौर के बाशिंदों ने एक बार फिर इतिहास रच दिया। लगातार सात वर्षों से क्लीन सिटी का तमगा हासिल करने वाले इंदौर ने अब ग्रीन सिटी के रूप में विश्व पटल पर अपना नाम दर्ज करा दिया। उसने दुनिया को बता दिया है कि संकल्प को सिद्धि तक पहुंचाने में उसका कोई सानी नहीं है। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के नेतृत्व में एक दिन में 11 लाख पौधे रोपने के लक्ष्य से कहीं अधिक 12 लाख 60 हजार पौधे रोपकर इंदौर ने वे शिखर छू लिया जहां तक निकट भविष्य में किसी और का पहुंचना नामुमकिन नहीं तो कठिन अवश्य है।
गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ने भी इंदोरियों के इस जज्बे और जुनून को सलाम करते हुए 24 घंटे में 12 लाख 60 हजार पौधे रोपने के इस असाधारण कार्य को विश्व कीर्तिमान के बतौर मान्यता दे दी। रविवार को दिन ढलने के बाद गिनीज बुक के प्रतिनिधियों ने मप्र शासन के नाम इंदौर में बने पौधरोपण के विश्व कीर्तिमान का प्रमाण पत्र मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को सौंपा। नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, महापौर पुष्यमित्र भार्गव और अन्य जनप्रतिनिधि भी इस दौरान मौजूद रहे।
पौधरोपण को लेकर नजर आया जबरदस्त उत्साह।
रविवार को सूर्योदय के पहले ही इंदौरवासियों का रेवती रेंज पर पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। सभी जोश, जुनून और जज्बे से भरे हुए थे, लक्ष्य एक ही था, इंदौर को ग्रीन सिटी के बतौर भी नंबर वन बनाना। सैकड़ों धार्मिक, सामाजिक, व्यापारिक संगठनों के सदस्यों के साथ हजारों आम नागरिकों की मौजूदगी ने रेवती रेंज को पौधरोपण के महाकुंभ में तब्दील कर दिया था। ये इंदोरियों की दृढ़ इच्छाशक्ति का ही परिणाम था की शाम होते होते पौधरोपण का आंकड़ा 11 लाख के लक्ष्य को पार कर 12 लाख 68 हजार के नए शिखर को छू गया। जनभागीदारी से इतने पौधे रोपने का भी ये वैश्विक कीर्तिमान बन गया। बीएसएफ के जवानों की भी इस अभियान में सक्रिय भागीदारी रही।
एक दिन में सर्वाधिक पौधे रोपने का विश्व कीर्तिमान बनने और उसके गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज होने से भावविभोर इस अभियान के अगुवा मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि यह इंदौर वासियों के जज्बे और समर्पण से ही संभव हुआ है।हम इंदौरी जो ठान लेते हैं,उसे पूरा करके ही दम लेते हैं।हमने 51 लाख वृक्षारोपण का संकल्प लिया है और मुझे उम्मीद है कि हम इस लक्ष्य को पार करते हुए हम 60 लाख पौधे लगाएंगे।








