इंदौर : इंदौर ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि स्वच्छता उसके लिए केवल एक अभियान नहीं, बल्कि आदत है।
देशभर में स्वच्छता रैंकिंग में इंदौर के समक्ष कोई चुनौती नहीं रही है। भारत सरकार ने इंदौर को “गोल्डन लीग” में स्थान देकर यह मान्यता दी है कि अब इंदौर रैंकिंग से ऊपर और प्रतियोगिता से परे है। अब इंदौर सिर्फ एक शहर नहीं, स्वच्छता की पहचान है।
यह उपलब्धि किसी एक योजना, एक अधिकारी या एक नीतिगत निर्णय की नहीं है।यह हर इंदौरी की आदत, सोच और मेहनत का नतीजा है।
बार-बार नंबर 1 आने के बाद अब सरकार ने खुद कहा है कि
जब इंदौर से कोई आगे निकल नहीं सकता, तो इसे अब एक नई ऊँचाई दी जाए। इसी सोच के साथ इंदौर को देश के अन्य सभी शहरों से ऊपर “गोल्डन लीग” में शामिल किया गया।अब इंदौर खुद एक मानक है, एक मार्गदर्शक है।
इंदौर अब वह गुरु है, जो देश के बाकी शहरों को सिखाएगा कि सफाई सिर्फ ज़िम्मेदारी नहीं, बल्कि एक संस्कार है।
महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने इंदौर कि जनता को धन्यवाद दिया है जिसकी प्रतिबद्धता ने शहर को स्वच्छता का प्रतीक बना दिया। उन्होंने उन सफाई मित्रों को जो हर दिन अपने परिश्रम से शहर की पहचान को बनाए रखते है, सभी जनप्रतिनिधियों को, प्रशासनिक अधिकारियों को और मध्य प्रदेश सरकार व नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय को भी धन्यवाद दिया है, जिनके सहयोग और समर्थन ने इंदौर को यह स्वर्णिम स्थान दिलाया।









