कुमार गंधर्व ने शास्त्रीय संगीत के मूल स्वरूप में कभी बदलाव नहीं किया
उन्हें विद्रोही कलाकार कहना सही नहीं। कबीर के दर्शन से था कुमारजी का जुड़ाव। स्टेट प्रेस क्लब के रूबरू कार्यक्रम में बोली कुमारजी की बेटी, ख्यात गायिका कलापिनी। क्लब की ओर से कलापिनी कोमकली को किया गया सम्मानित। इंदौर : “कुमार जी संगीत में विचार होना चाहिए, इस पर दृढ़ रहे। गुरु के अंधानुकरण की परिपाटी के वे पक्षधर नहीं थे। गुरु तो गुरु है ही, लेकिन शिष्य का भी तो अपना व्यक्तित्व है। इस बात को आज से साठ और पढ़े











