युवाओं के आगोश में अनुभव..
🔹 नरेंद्र भाले 🔹 इंदौर : राजनीति में तो युवा शक्ति का पता नहीं लेकिन फटाफट क्रिकेट ने दर्शा दिया कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में युवा शक्ति तेजी से अपनी पकड़ बनाती जा रही है। विशेष रूप से भारत में अंडर-19 से निकले सितारे सिरमौर बनने की तरफ तेजी से अग्रसर हैं। चेन्नई तथा हैदराबाद के बीच खेला गया मैच इसका अनुपम उदाहरण है।जहां बेरिस्टो खाता भी नहीं खोल पाए वही तपे हुए वॉर्नर का पहला चौका 14 गेंद बाद आया। और पढ़े










