कोरोना ने कराया सत्त्य से साक्षात्कार…
मैंने अपने जीवन में कई समाज सुधारकों के बारे में पढ़ा है जैसे: राजा राम मोहन राय, स्वामी दयानन्द सरस्वती, स्वामी विवेकानंद, ईश्वर चन्द्र विद्यासागर, मदर टेरेसा इत्यादि, परंतु सुधार की इस परिवर्तन यात्रा में उन्हें कई वर्षो का समय लगा। इसके विपरीत स्थितियों को समझने एवं उसे सुधारने में एक अदृश्य विषाणु अल्प समय में इतना वृहद परिवर्तन कर देगा यह अकल्पनीय था। सच्चे रिश्तों में अंतर को पहचानने की भूमिका भी कोरोना ने बखूबी सिखाई। कई खोखली प्रथाओं, और पढ़े










